3,848 निवेशकों से 40.78 करोड़ रुपये से अधिक की धोखाधड़ी के मामले में कोतवाली पुलिस की कार्रवाई, आरोपी विजय कुमार शराफ न्यायिक रिमांड पर भेजा गया
रायगढ़, 21 जुलाई 2026। फरार आरोपियों की धरपकड़ के लिए रायगढ़ पुलिस द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन क्लीन हंट’ के तहत थाना कोतवाली पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने बहुचर्चित सहारा इंडिया निवेश घोटाले में करीब तीन वर्षों से फरार चल रहे सहारा इंडिया कबीर चौक, रायगढ़ के तत्कालीन ब्रांच मैनेजर विजय कुमार शराफ को कोतरारोड़ क्षेत्र से गिरफ्तार किया है। आरोपी को 20 जुलाई 2026 को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार, मामले में वर्ष 2022 में शिकायतकर्ता विकास निगानिया, निवासी कृष्णा विहार कॉलोनी, रायगढ़ ने 29 सितंबर 2022 को थाना कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि सहारा इंडिया के अधिकारियों और कर्मचारियों ने कंपनी की विश्वसनीयता तथा आरबीआई से अधिकृत होने का भरोसा दिलाकर वर्ष 2017 के दौरान उनसे, उनकी माता और पत्नी से विभिन्न योजनाओं में करीब 40 लाख रुपये निवेश कराए थे। परिपक्वता अवधि पूरी होने के बाद भी निवेश की राशि वापस नहीं की गई।
जांच के दौरान सामने आया कि निवेशकों से सहारा इंडिया के नाम पर राशि जमा कराई गई और बाद में विभिन्न सहकारी समितियों के नाम से बॉन्ड जारी किए गए। पुलिस ने इसे निवेशकों के साथ सुनियोजित धोखाधड़ी का मामला बताया है। विवेचना के दौरान जिला प्रशासन, विभिन्न बैंकों, मंत्रालयों और निवेशकों से प्राप्त दस्तावेजों की जांच में सहारा इंडिया समूह के कई वरिष्ठ पदाधिकारियों, शाखा प्रबंधकों, सेक्टर मैनेजरों और रीजनल अधिकारियों की संलिप्तता सामने आई।

मामले में कोतवाली पुलिस द्वारा सहारा इंडिया कंपनी रायगढ़ के पूर्व शाखा प्रबंधक ओम प्रकाश शर्मा, खरसिया के पूर्व शाखा प्रबंधक पुष्पेन्द्र कुमार साहू, कंपनी डायरेक्टर करूणेश अवस्थी, सेक्टर मैनेजर अमृत लाल श्रीवास तथा बिलासपुर के रीजनल मैनेजर रजनीष तिवारी को गिरफ्तार कर विशेष न्यायाधीश रायगढ़ के न्यायालय में चालान पेश किया जा चुका है। आरोपियों से उनके आई कार्ड, नियुक्ति एवं कार्य आदेश से संबंधित दस्तावेज, बैंक खातों की जानकारी, जमीन संबंधी दस्तावेज तथा कथित धोखाधड़ी की रकम से खरीदी गई कार और मोटरसाइकिल भी जब्त की गई है।
जांच में रायगढ़ जिले सहित अन्य जिलों से प्राप्त शिकायतों के आधार पर अब तक 3,848 निवेशकों से कुल 40 करोड़ 78 लाख 16 हजार 739 रुपये की धोखाधड़ी का खुलासा हुआ है। मामले में फरार अन्य आरोपियों की तलाश भी लगातार जारी है।
पुलिस के मुताबिक, सहारा इंडिया कंपनी रायगढ़ कबीर चौक के तत्कालीन ब्रांच मैनेजर विजय कुमार शराफ (54 वर्ष), निवासी विकास नगर, कोतरारोड़, रायगढ़, पिछले करीब तीन वर्षों से फरार था। ‘ऑपरेशन क्लीन हंट’ के दौरान पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी अपने ससुराल कोतरारोड़ आया हुआ है। सूचना के आधार पर कोतवाली पुलिस की टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उसे हिरासत में ले लिया।
पूछताछ के दौरान आरोपी से मामले से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्यों की जानकारी मिली। उसके कब्जे से सहारा इंडिया कंपनी के फ्रेंचाइजी कार्यालय कबीर चौक के विकास एवं प्रशासन संबंधी आदेश पत्र तथा कंपनी से संबंधित एमओयू की प्रतियां भी जब्त की गईं। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद पुलिस ने आरोपी को विधिवत गिरफ्तार किया और न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया।
पुलिस का कहना है कि मामले में शामिल अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए भी लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। ‘ऑपरेशन क्लीन हंट’ के तहत पुलिस की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
