भुवनेश्वर/रायपुर। बंगाल की खाड़ी के उत्तर-पश्चिमी हिस्से और पश्चिम बंगाल-उत्तर ओडिशा तट के आसपास बने निम्न दबाव के क्षेत्र के प्रभाव से ओडिशा और छत्तीसगढ़ समेत पूर्वी और मध्य भारत के कई हिस्सों में बारिश का दौर तेज होने की संभावना है। भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार ओडिशा में 29 अगस्त से 1 सितंबर तक भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है, जबकि 29 और 30 अगस्त को कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी बारिश की भी आशंका है। मौसम विभाग ने लोगों और प्रशासन को संवेदनशील इलाकों में विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी है।
मौसम विभाग के मुताबिक यह निम्न दबाव क्षेत्र अगले 48 घंटे में अधिक स्पष्ट होकर पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ सकता है। इसके प्रभाव से ओडिशा में लगातार व्यापक वर्षा होने की संभावना है। बीते 24 घंटों में भी ओडिशा में भारी बारिश दर्ज की गई है। मयूरभंज में 16 सेंटीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई, जो इस अवधि में राज्य में सर्वाधिक रही।
छत्तीसगढ़ में भी मौसम सक्रिय रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने 29 अगस्त को राज्य में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई है। इसके बाद 30 अगस्त से 1 सितंबर के बीच छत्तीसगढ़ में बहुत भारी बारिश की भी आशंका है। राज्य में 29 अगस्त से 4 सितंबर तक व्यापक बारिश का दौर जारी रह सकता है। ऐसे में नदी-नालों और निचले इलाकों के आसपास रहने वाले लोगों को सावधानी बरतने की जरूरत है।
बारिश के साथ छत्तीसगढ़ में कुछ स्थानों पर गरज-चमक और तेज हवाओं का असर भी देखने को मिल सकता है। लगातार बारिश के कारण खेतों में जलभराव की स्थिति बन सकती है। मौसम विभाग ने किसानों को धान, मक्का, मूंगफली, दलहन और सब्जियों के खेतों में पानी की निकासी सुनिश्चित करने की सलाह दी है। निचले क्षेत्रों में जल निकासी नालियों को साफ रखने और सब्जियों तथा बेल वाली फसलों को सहारा देने की सलाह भी दी गई है।
ओडिशा में भी किसानों को खेतों से अतिरिक्त पानी निकालने, जल निकासी व्यवस्था दुरुस्त रखने और अत्यधिक गीली जमीन में खाद डालने या अन्य कृषि कार्यों को कुछ समय के लिए टालने की सलाह दी गई है। भारी बारिश के दौरान कच्चे मकानों, कमजोर दीवारों और सड़कों को नुकसान पहुंचने की आशंका भी जताई गई है। तेज बारिश के कारण स्थानीय स्तर पर जलभराव, निचले इलाकों में पानी भरने और कुछ स्थानों पर भूस्खलन जैसी स्थिति बन सकती है।
अगले 24 घंटे के लिए ओडिशा के बालासोर, भद्रक, ढेंकानाल, क्योंझर, मयूरभंज और सुंदरगढ़ जिलों में कम से मध्यम स्तर के अचानक बाढ़ के जोखिम की चेतावनी जारी की गई है। संतृप्त जमीन और निचले क्षेत्रों में बारिश के बाद पानी तेजी से जमा होने की आशंका है।

मौसम विभाग ने ओडिशा में 29 और 30 अगस्त को अत्यंत भारी बारिश को देखते हुए लोगों से मौसम संबंधी अपडेट पर नजर रखने, जरूरत पड़ने पर सुरक्षित स्थानों पर जाने और आकाशीय बिजली के दौरान पेड़ों के नीचे शरण न लेने की अपील की है। मछुआरों को भी ओडिशा और पश्चिम बंगाल के तटों तथा उत्तरी बंगाल की खाड़ी में प्रतिकूल समुद्री परिस्थितियों को देखते हुए सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
