रायपुर, 16 अगस्त 2026। छात्रहित को ध्यान में रखते हुए छत्तीसगढ़ शासन ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 में कॉलेजों में प्रवेश की अंतिम तिथि बढ़ा दी है। उच्च शिक्षा विभाग के इस फैसले से प्रदेश के हजारों विद्यार्थियों को राहत मिली है। अब राज्य के उन शासकीय और निजी महाविद्यालयों में, जहां अभी भी सीटें रिक्त हैं, विद्यार्थी 31 अगस्त 2026 तक प्रवेश ले सकेंगे। उच्च शिक्षा विभाग ने इस संबंध में विधिवत आदेश जारी कर दिया है।
उच्च शिक्षा मंत्री टंक राम वर्मा ने कहा कि सरकार का मूल ध्येय प्रदेश के अंतिम व्यक्ति तक शिक्षा का प्रकाश पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि दूरस्थ और ग्रामीण अंचलों के कई मेधावी युवा विभिन्न व्यावहारिक कठिनाइयों के कारण निर्धारित समय में प्रवेश नहीं ले सके। सरकार नहीं चाहती कि केवल प्रवेश की तिथियां निकल जाने के कारण किसी योग्य विद्यार्थी का एक वर्ष खराब हो या वह उच्च शिक्षा से वंचित रह जाए। छात्रहित को सर्वोपरि रखते हुए प्रवेश की अंतिम तिथि बढ़ाकर 31 अगस्त की गई है।
मंत्री ने विद्यार्थियों से अपील की है कि वे इस अतिरिक्त अवसर का पूरा लाभ उठाएं और निर्धारित अवधि के भीतर संबंधित महाविद्यालय में प्रवेश की प्रक्रिया पूरी करें।
रिक्त सीटों पर मिलेगा प्रवेश का अवसर
उच्च शिक्षा विभाग के आदेश के अनुसार प्रदेश के जिन शासकीय और निजी महाविद्यालयों में अभी भी सीटें रिक्त हैं, वहां विद्यार्थी 31 अगस्त तक प्रवेश ले सकेंगे। इससे ऐसे विद्यार्थियों को विशेष लाभ मिलेगा, जो किसी कारणवश पूर्व निर्धारित समय सीमा में प्रवेश प्रक्रिया पूरी नहीं कर पाए थे।
विभाग का यह निर्णय विशेष रूप से ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों के विद्यार्थियों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। कई विद्यार्थी आर्थिक, पारिवारिक, परिवहन अथवा अन्य व्यावहारिक कारणों से समय पर कॉलेज तक नहीं पहुंच पाए थे। ऐसे विद्यार्थियों को अब अपनी उच्च शिक्षा जारी रखने का अतिरिक्त अवसर मिलेगा।

पहले दो चरणों में तय थी प्रवेश की समय सीमा
इससे पहले उच्च शिक्षा विभाग द्वारा जारी आदेश के तहत महाविद्यालयों में प्रवेश के लिए प्राचार्य स्तर पर 31 जुलाई तक की समय सीमा निर्धारित की गई थी। इसके बाद कुलपति की अनुमति से प्रवेश की अवधि 14 अगस्त तक बढ़ाई गई थी।
निर्धारित समय सीमा समाप्त होने के बाद भी प्रदेश के कई महाविद्यालयों में विभिन्न पाठ्यक्रमों की सीटें रिक्त रह गई थीं। वहीं, अनेक विद्यार्थी भी प्रवेश से वंचित रह गए थे। इसी स्थिति को देखते हुए शासन ने प्रवेश की अंतिम तिथि में एक बार फिर विस्तार करने का निर्णय लिया।
विद्यार्थियों को नहीं गंवाना पड़ेगा एक साल
शासन के इस निर्णय से उन विद्यार्थियों को सबसे बड़ी राहत मिलेगी, जिनके लिए समय पर कॉलेज में प्रवेश नहीं मिल पाने का अर्थ एक पूरा शैक्षणिक वर्ष गंवाना हो सकता था। तिथि बढ़ाए जाने से विद्यार्थी अपनी पसंद के उपलब्ध पाठ्यक्रम और महाविद्यालय में रिक्त सीट के आधार पर प्रवेश ले सकेंगे।
सरकार ने स्पष्ट किया है कि प्रवेश का यह अवसर केवल उन्हीं महाविद्यालयों और पाठ्यक्रमों में लागू होगा, जहां निर्धारित सीटों के अनुसार स्थान उपलब्ध है। विद्यार्थियों को सलाह दी गई है कि वे अंतिम तिथि का इंतजार किए बिना संबंधित महाविद्यालय से संपर्क कर प्रवेश प्रक्रिया पूरी करें।

उच्च शिक्षा तक पहुंच बढ़ाने पर जोर
छत्तीसगढ़ सरकार प्रदेश में उच्च शिक्षा की पहुंच को व्यापक बनाने पर जोर दे रही है। प्रवेश की समय सीमा बढ़ाने का निर्णय इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे ग्रामीण, आदिवासी और दूरस्थ क्षेत्रों के विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा से जोड़ने में मदद मिलेगी।
उच्च शिक्षा विभाग का मानना है कि किसी भी योग्य विद्यार्थी को केवल प्रशासनिक समय सीमा के कारण शिक्षा से बाहर नहीं होना चाहिए। 31 अगस्त तक प्रवेश का अवसर दिए जाने से रिक्त सीटों का उपयोग भी बेहतर तरीके से हो सकेगा और विद्यार्थियों को अपनी पढ़ाई जारी रखने का अवसर मिलेगा।
विद्यार्थियों से अपील की गई है कि वे उपलब्ध रिक्त सीटों की जानकारी लेकर निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार जल्द से जल्द प्रवेश सुनिश्चित करें। शासन के इस फैसले को छात्रहित में राहत देने वाला महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
